आईएस के खिलाफ लड़ाई में इराक का साथ देंगे ट्रंप

0
14

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट के खिलाफ लड़ाई में इराक का साथ देने का वादा किया है। उन्होंने पहले इराक में सैनिकों को भेजने और फिर उन्हें वापस बुलाने के फैसले के लिए अपने पूर्ववर्ती राष्ट्रपति बराक ओबामा की आलोचना की है।

ट्रंप ने व्हाइट हाउस में इराक के प्रधानमंत्री हैदर अल आब्दी के साथ सोमवार को बैठक की। इसके बाद जारी संयुक्त बयान में कहा गया, आईएस को निश्चित ही हराया जाएगा। इस बात पर गौर किया गया कि आतंकवाद को केवल ताकत से हराया नहीं जा सकता। दोनों नेताओं ने सामरिक समझौते के अनुरूप व्यापक राजनीतिक-आर्थिक भागीदारी को बढ़ावा देने पर सहमति जताई।

अमेरिकी राष्ट्रपति ने इराक में ज्यादा समग्र और जवाबदेह सरकार बनाने को लेकर आब्दी के प्रयासों का स्वागत किया। उन्होंने आईएस की नृशंसता के कारण इराक में जारी मानवीय उत्पीड़न का समाधान खोजने का प्रयास करने के लिए भी आब्दी की तारीफ की। दोनों नेताओं ने माना कि इराक के लिए क्षेत्रीय सहभागियों के साथ सकारात्मक रिश्ते बनाना और पश्चिम एशिया में स्थिरता बढ़ाना जरूरी है।

बयान के अनुसार, इराक से अमेरिकी सैनिकों की वापसी के ओबामा के फैसले पर ट्रंप ने कहा, शायद हमें वहां जाना नहीं चाहिए था और निश्चित रूप से हमें वापस नहीं आना चाहिए था। हमें कभी वापस नहीं आना चाहिए था। इससे खालीपन पैदा हो गया। बहरहाल, अमेरिकी सहयोग के तहत इराक में बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिक भेजने की संभावना नहीं है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here